हरियाणा के मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini ने उद्योगों को प्रोत्साहन देने और युवाओं को वैश्विक अवसरों से जोड़ने की दिशा में राज्य सरकार की रणनीति को विस्तार से रखते हुए स्पष्ट किया कि प्रदेश अब केवल घरेलू निवेश तक सीमित नहीं है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी अपनी सशक्त उपस्थिति दर्ज करा रहा है। उन्होंने कहा कि विदेश सहयोग विभाग के माध्यम से विभिन्न देशों के साथ मजबूत संपर्क स्थापित किए जा रहे हैं, जिससे न केवल निवेश को बढ़ावा मिल रहा है बल्कि युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार भी खुल रहे हैं।
मुख्यमंत्री ने उद्योगपतियों के साथ संवाद के दौरान बताया कि जिस प्रकार पड़ोसी राज्यों के युवा बड़ी संख्या में विदेशों की ओर रुख कर रहे हैं, उसी तरह हरियाणा के युवाओं को भी संगठित और सुरक्षित तरीके से वैश्विक अवसरों तक पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार का प्रयास है कि युवाओं को केवल रोजगार ही नहीं, बल्कि कौशल आधारित प्रशिक्षण के माध्यम से बेहतर आय और स्थिर भविष्य प्रदान किया जाए। विदेश सहयोग विभाग इस दिशा में एक सेतु की भूमिका निभा रहा है, जिसके माध्यम से युवाओं को विभिन्न देशों में रोजगार उपलब्ध कराया जा रहा है।
उन्होंने जानकारी दी कि हरियाणा के युवा इजराइल और जर्मनी जैसे देशों में रोजगार प्राप्त कर रहे हैं, जहां उन्हें आकर्षक वेतन मिल रहा है। यह न केवल व्यक्तिगत स्तर पर उनकी आर्थिक स्थिति को मजबूत कर रहा है, बल्कि राज्य की अर्थव्यवस्था में भी सकारात्मक योगदान दे रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह पहल युवाओं को वैश्विक प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
उद्योगों के संदर्भ में मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि सरकार विदेशी सरकारों के साथ समन्वय स्थापित कर निर्यात को बढ़ावा देने पर विशेष ध्यान दे रही है। उनका कहना था कि उद्योगपतियों की लागत को कम करना और उन्हें अधिक लाभ के अवसर उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। इसी उद्देश्य से विभिन्न नीतियों और व्यवस्थाओं को सरल और पारदर्शी बनाया जा रहा है, ताकि निवेशकों को किसी प्रकार की बाधा का सामना न करना पड़े।
उन्होंने यह भी बताया कि अफ्रीकी देशों के साथ व्यापारिक संबंधों को लगातार सुदृढ़ किया जा रहा है। खनन, प्लाईवुड, कृषि और सूचना प्रौद्योगिकी जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाया जा रहा है, जिससे हरियाणा के उद्योगों को अंतरराष्ट्रीय बाजार में विस्तार का अवसर मिल सके। इस क्रम में तंजानिया में बड़े स्तर पर भूमि उपयोग को लेकर समझौता किया गया है, जो भविष्य में कृषि और औद्योगिक गतिविधियों के लिए नए रास्ते खोल सकता है।
मुख्यमंत्री ने यह भी रेखांकित किया कि राज्य सरकार स्थानीय आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। उद्योग स्थापित करने से लेकर संचालन तक हर स्तर पर सरकार सहयोग सुनिश्चित कर रही है, जिससे निवेशकों का विश्वास बढ़ा है और प्रदेश में औद्योगिक वातावरण अधिक अनुकूल बना है। उन्होंने कहा कि सरल प्रक्रियाएं, त्वरित निर्णय और पारदर्शिता ही हरियाणा को निवेश के लिए आकर्षक बना रही हैं।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री के विशेष कार्याधिकारी B B Bharti ने बताया कि पंजाब से आए उद्योगपतियों ने हरियाणा की उद्योग अनुकूल नीतियों और बेहतर बुनियादी ढांचे की सराहना की। उन्होंने कहा कि संवाद के दौरान उद्योगपतियों ने राज्य में निवेश की संभावनाओं को सकारात्मक दृष्टि से देखा और भविष्य में अपने व्यापार का विस्तार करने में रुचि दिखाई।
बैठक में विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े प्रमुख उद्योगपति और प्रतिनिधि भी उपस्थित रहे, जिन्होंने सरकार की नीतियों पर अपने विचार साझा किए। इस संवाद को राज्य में औद्योगिक निवेश को नई गति देने और रोजगार के अवसरों को बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
समग्र रूप से देखा जाए तो मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में हरियाणा न केवल औद्योगिक विकास की ओर तेजी से बढ़ रहा है, बल्कि वैश्विक सहयोग, कौशल विकास और रोजगार सृजन के माध्यम से एक समग्र आर्थिक मॉडल की दिशा में भी अग्रसर है।

