हरियाणा के शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा ने वित्त वर्ष 2026-27 के बजट को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि यह बजट प्रदेश को विकसित राज्य बनाने की दिशा में मजबूत आधार तैयार करता है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी द्वारा प्रस्तुत 2 लाख 23 हजार 658 करोड़ 17 लाख रुपये का बजट पिछले वर्ष की तुलना में 10.28 प्रतिशत अधिक है, जो सरकार की बढ़ती विकास प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
शिक्षा मंत्री महिपाल ढांडा मंगलवार को जीन्द विश्रामगृह में पत्रकारों से बातचीत कर रहे थे। शिक्षा मंत्री ने बताया कि इस बार 13 बैठकों के माध्यम से 2,199 सुझाव और ए.आई. चौटबॉट से 12,400 सुझाव प्राप्त हुए। इनमें से लगभग 5,000 सुझावों को बजट में शामिल किया है। यह लोकतांत्रिक और पारदर्शी शासन का उदाहरण है।
शिक्षा मंत्री ने कहा कि 250 विद्यालयों को सीएम एक्सीलेंस एण्ड अरली इंग्लिश स्कूल के रूप में विकसित कर 25 करोड़ रुपये की लागत से अटल टिंकरिंग लैब स्थापित होंगी। उन्होंने कहा कि यह बजट शिक्षा को वैश्विक मानकों तक पहुंचाने का संकल्प है। राज्य सरकार का संकल्प है कि हमारे बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिले, बेहतर सुविधाएं मिलें, कौशल विकास हो, खेल के पर्याप्त अवसर उपलब्ध करवाए जाएं, ताकि वे आत्मनिर्भर बनें। उन्होंने बताया कि शिक्षा को नई ऊंचाइयों पर लेकर जाने के लिए हर 10 किलोमीटर के दायरे में एक मॉडल संस्कृति विद्यालय स्थापित होंगे इसके अलावा 25 राजकीय मॉडल संस्कृति वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय शुरू किए जा चुके हैं। इसमें हिंदी और अंग्रेजी दोनों माध्यमों से शिक्षा विद्यार्थियों के लिए उपलब्ध हो पाएगी। इसमें साईंस, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग और मैथेमेटिक्स तथा नवाचार को बढ़ाने के लिए 15 और नई स्टेम लैब स्थापित की जाएगी जिनकी संख्या बढ़ाकर 600 तक की बढाई जाएगी।
उन्होंने बताया कि युवाओं को वैश्विक स्तर पर प्रतिस्पर्धी में भागीदार बनाने के लिए फ्रेंच भाषा के साथ-साथ अब जर्मन और जापानी भाषाओं के शिक्षण की सुविधा भी दी जाएगी। उन्होंने कहा कि 3 हजार 328 उच्च वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालयों के खेल मैदानों को विकसित करने के लिए प्रति स्कूल में एक लाख रुपये की राशि से खेल सामान, ट्रैक व मैदान दुरूस्त करने का कार्य किया जाएगा। आगामी नवंबर माह तक लगभग सभी सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों के लिए ड्यूल डेस्क व टाट-पट्टी की सुविधा हेतू 200 करोड रूपये के बजट का प्रावधान किया गया है।
उन्होंने बताया कि विद्यार्थियों की प्रतिभा निखारने के लिए सुपर 100 योजना में 400 बच्चों तक लाभ दिया जाएगा। बच्चों की प्रतिभा को और अधिक निखारने के लिए लगभग साढ़े तीन हजार से अधिक मेधावी विद्यार्थियों को अंतरराष्ट्रीय शैक्षिक भ्रमण पर भेजने का प्रस्ताव किया गया है। अनुसंधान करने वाले उत्कृष्ट विद्यार्थियों को सहयोग करने के लिए 10 करोड़ रुपये का कोष बनाया गया है, ताकि बच्चे अधिक से अधिक शोध कर समाज की समस्याओं का समाधान खोज सकें।

शिक्षा मंत्री ने बताया कि पायलेट प्रोजेक्ट के तौर पर एआई एवं डिजिटल कॉलेज स्थापित करने का निर्णय भी लिया गया है। राज्य सरकार वीर बाल मेमोरियल इनिशिएटिव योजना के तहत बच्चे की स्कूल से घर जाते समय दुर्घटना में मृत्यु या दिव्यांग हो जाने पर परिवार को पांच लाख रुपये सहायता दी जाएगी। उन्होंने बताया कि किसानों के हित में महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए ट्यूबवेल कनेक्शन प्रदान करने की प्रक्रिया को तेज किया गया है। हरियाणा ऐग्री डिस्कॉम नाम से तीसरी बिजली वितरण कम्पनी बनाई जाएगी। इसके अलावा एक लाख 40 हजार एकड़ लवणीय भूमि को खेती योग्य बनाना जाएगा। मेरा पानी-मेरी विरासत योजना के तहत 2 हजार रुपये प्रति एकड़ बोनस दिया जाएगा, ताकि किसानों की आय में इजाफा हो सके। अगले पांच वर्षाे में जैविक खेती को और प्रभावी बनाने के लिए प्रमाणित किसानों को 10 हजार रुपये प्रति एकड़ वार्षिक अनुदान देने का निर्णय लिया गया है।

