हरियाणा में किसानों की आय बढ़ाने पर जोर, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कृषि सुधारों को दी नई दिशा

Date:

Share post:

हरियाणा में किसानों की आय बढ़ाने और कृषि को अधिक लाभकारी बनाने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने अपनी रणनीति को और तेज कर दिया है। मुख्यमंत्री Nayab Singh Saini के नेतृत्व में कृषि क्षेत्र में व्यापक सुधारों और नवाचारों पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इसी क्रम में चंडीगढ़ में कृषि एवं बागवानी विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की गई, जिसमें विभिन्न योजनाओं की प्रगति और भविष्य की दिशा पर विस्तार से चर्चा की गई।

बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि किसानों की आय में वृद्धि सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसके लिए पारंपरिक खेती के साथ-साथ आधुनिक और टिकाऊ कृषि पद्धतियों को अपनाना समय की आवश्यकता है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि फसल विविधीकरण को मिशन मोड में लागू किया जाए, ताकि किसान केवल पारंपरिक फसलों पर निर्भर न रहें, बल्कि बागवानी और उच्च मूल्य वाली फसलों की ओर भी रुख करें।

सरकार की योजना के तहत क्लस्टर आधारित खेती को बढ़ावा दिया जा रहा है, जिससे एक ही क्षेत्र में समान फसलों का उत्पादन कर बेहतर बाजार उपलब्ध कराया जा सके। इसके साथ ही नई संकर किस्मों को अपनाने और आधुनिक तकनीकों के अधिकतम उपयोग पर भी विशेष बल दिया गया है। इससे न केवल उत्पादन में वृद्धि होगी, बल्कि किसानों को बेहतर गुणवत्ता का उत्पाद भी मिलेगा, जिससे उन्हें अधिक लाभ प्राप्त हो सकेगा।

राज्य सरकार ने एक महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित करते हुए 1.40 लाख एकड़ सेम और लवणीय भूमि के सुधार की दिशा में कार्य शुरू किया है। इस पहल का उद्देश्य उन भूमि क्षेत्रों को पुनः खेती योग्य बनाना है, जो लंबे समय से अनुपयोगी या कम उत्पादक रहे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि इस कदम से प्रदेश में कृषि योग्य भूमि का दायरा बढ़ेगा और किसानों की आय में सीधा लाभ देखने को मिलेगा।

प्राकृतिक खेती को भी सरकार की नीतियों में प्रमुख स्थान दिया गया है। रसायन मुक्त खेती को बढ़ावा देकर सरकार उत्पादन लागत को कम करने और मिट्टी की उर्वरता को बनाए रखने पर जोर दे रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्राकृतिक खेती न केवल पर्यावरण के लिए बेहतर है, बल्कि लंबे समय में किसानों के लिए अधिक लाभकारी भी सिद्ध होगी। इसके लिए किसानों को प्रशिक्षण, तकनीकी मार्गदर्शन और आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जा रही है।

बैठक में यह भी निर्देश दिए गए कि किसानों तक सरकारी योजनाओं का लाभ समय पर और पारदर्शी तरीके से पहुंचे। इसके लिए विभागीय समन्वय को मजबूत करने और जमीनी स्तर पर निगरानी बढ़ाने पर जोर दिया गया। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और परिणाम आधारित कार्यप्रणाली अपनाई जाए।

हरियाणा सरकार का यह प्रयास राज्य के कृषि क्षेत्र को आधुनिक, टिकाऊ और प्रतिस्पर्धी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। विशेषज्ञों के अनुसार, यदि इन योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन होता है, तो आने वाले समय में हरियाणा देश के अग्रणी कृषि राज्यों में अपनी स्थिति और मजबूत कर सकता है।

कुल मिलाकर, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में राज्य सरकार किसानों के हितों को केंद्र में रखते हुए कृषि क्षेत्र में व्यापक बदलाव लाने की दिशा में सक्रिय नजर आ रही है, जिससे न केवल किसानों की आय बढ़ेगी, बल्कि प्रदेश की अर्थव्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

spot_img

Related articles

चंडीगढ़ बीजेपी दफ्तर के बाहर धमाका: जांच में क्रूड बम के इस्तेमाल के संकेत, सीसीटीवी में संदिग्धों की तलाश तेज

चंडीगढ़ के सेक्टर-37 स्थित भारतीय जनता पार्टी के कार्यालय के बाहर हुए धमाके को लेकर जांच एजेंसियों को...

Centre Sanctions ₹3,920 Crore for Himachal Pradesh, Bringing Relief After RDG Discontinuation

In a significant financial boost for the hill state, the Central Government under the leadership of Narendra Modi...

Growing Drug Menace in Himachal Sparks Concern as Government Intensifies Crackdown and Rehabilitation Efforts

Himachal Pradesh is facing an escalating challenge in the form of rising drug abuse, a trend that has...

हरियाणा सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग के वरिष्ठ अधिकारी रणबीर सिंह सांगवान सेवानिवृत्त, गरिमामयी समारोह में दी गई विदाई

चंडीगढ़, 30 मार्च — हरियाणा सरकार के सूचना, जनसम्पर्क एवं भाषा विभाग में लंबे समय तक महत्वपूर्ण सेवाएं...