सिरसा:
हरियाणा के सिरसा जिले में हाल ही में हुई बड़ी अफीम बरामदगी के मामले में एक चौंकाने वाला खुलासा सामने आया है। जांच के दौरान आरोप लगा है कि बरामद की गई अफीम का एक हिस्सा पुलिस अभिरक्षा से गायब कर दिया गया और इस मामले में हरियाणा पुलिस के एक सहायक उप-निरीक्षक (एएसआई) को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, सिरसा की सिविल पुलिस लाइन में कुछ समय पहले लगभग 90 किलोग्राम अफीम बरामद की गई थी। आरोप है कि इस मामले की जांच और निगरानी से जुड़े एएसआई रणबीर सिंह ने बरामद मादक पदार्थ का कुछ हिस्सा कथित तौर पर एक व्यक्ति को उपलब्ध करा दिया।
मामले का खुलासा तब हुआ जब फतेहाबाद पुलिस ने शमशेर सिंह नामक एक व्यक्ति को हिरासत में लिया। पूछताछ के दौरान सामने आए तथ्यों ने जांच एजेंसियों को चौंका दिया। पुलिस के अनुसार, पूछताछ में मिली जानकारी के आधार पर सिरसा पुलिस को मामले से अवगत कराया गया, जिसके बाद एएसआई रणबीर सिंह के खिलाफ कार्रवाई शुरू की गई।
प्राथमिक जांच के बाद संबंधित पुलिस अधिकारी को गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए विभागीय स्तर पर भी कड़ी कार्रवाई करते हुए उसे हरियाणा पुलिस सेवा से बर्खास्त कर दिया गया है।
अधिकारियों का कहना है कि आरोपी को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड लेने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी, ताकि यह पता लगाया जा सके कि बरामद मादक पदार्थ का कितना हिस्सा गायब हुआ, इसमें और कौन-कौन लोग शामिल थे तथा इसके पीछे कोई बड़ा नेटवर्क तो सक्रिय नहीं था।
पुलिस अब पूरे घटनाक्रम की गहन जांच कर रही है और मामले की सभी कड़ियों को जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि यदि जांच में किसी अन्य व्यक्ति या पुलिसकर्मी की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ भी कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।
यह मामला ऐसे समय सामने आया है जब राज्य में नशे के खिलाफ अभियान को तेज करने के दावे किए जा रहे हैं। ऐसे में बरामद मादक पदार्थ से जुड़ी इस कथित अनियमितता ने कानून-व्यवस्था और पुलिस तंत्र की जवाबदेही को लेकर भी कई सवाल खड़े कर दिए हैं।

